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Rajasthani Lehsun Ki Chutney Recipe – राजस्थानी लहसुन की चटनी बनाने की विधि
Rajasthani Lehsun Ki Chutney राजस्थान की पारंपरिक और बेहद स्वादिष्ट चटनियों में से एक है। तीखी, खुशबूदार और मसालेदार यह चटनी खासतौर पर Dal Baati Churma, Bajra Roti और Gatte Ki Sabzi के साथ परोसी जाती है। इसकी खास बात है इसका तेज़ स्वाद और लंबे समय तक टिकने की क्षमता।
What is Rajasthani Lehsun Chutney? | लहसुन चटनी क्या है
राजस्थानी लहसुन की चटनी सूखे लाल मिर्च, लहसुन और मसालों से बनाई जाती है। यह चटनी बिना पानी के तैयार की जाती है, जिससे यह लंबे समय तक खराब नहीं होती।
Ingredients for Lehsun Chutney | सामग्री
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10–12 लहसुन की कलियाँ (Garlic cloves)
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6–8 सूखी लाल मिर्च (Dry Red Chillies)
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1 छोटा चम्मच जीरा (Cumin seeds)
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1/2 छोटा चम्मच धनिया बीज (Coriander seeds)
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नमक स्वादानुसार (Salt to taste)
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1–2 चम्मच सरसों का तेल (Mustard oil – optional)
How to Make Rajasthani Lehsun Ki Chutney | बनाने की विधि
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सूखी लाल मिर्च को हल्का सा भिगो लें या सीधे पीसने के लिए रखें।
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मिक्सर जार में लहसुन, लाल मिर्च, जीरा, धनिया और नमक डालें।
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बिना पानी डाले मोटी चटनी पीसें।
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अंत में सरसों का तेल डालकर हल्का सा मिला लें।
आपकी Spicy Rajasthani Lehsun Chutney तैयार है।
Taste & Texture | स्वाद और बनावट
यह चटनी तीखी (Spicy), खुशबूदार और थोड़ी मोटी बनावट वाली होती है। सरसों के तेल की खुशबू इसे पारंपरिक राजस्थानी स्वाद देती है।
Serving Suggestions | कैसे परोसें
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Dal Baati Churma के साथ
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Bajra Roti या Missi Roti के साथ
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Paratha या Poori के साथ
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Curd (दही) में मिलाकर भी खा सकते हैं
Health Benefits of Garlic Chutney | सेहत के फायदे
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इम्यूनिटी बढ़ाने में मददगार
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पाचन शक्ति को बेहतर बनाती है
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सर्दी-जुकाम में फायदेमंद
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एंटी-बैक्टीरियल गुणों से भरपूर
Storage Tips | स्टोर करने के तरीके
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एयरटाइट कंटेनर में रखें
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फ्रिज में 7–10 दिन तक सुरक्षित रहती है
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सूखे चम्मच का ही उपयोग करें
Tips to Make Perfect Rajasthani Lehsun Chutney
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पानी बिल्कुल न डालें
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ज्यादा तीखापन कम करने के लिए मिर्च की मात्रा घटा सकते हैं
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स्वाद बढ़ाने के लिए सरसों का तेल ज़रूर डालें
Rajasthani Lehsun Ki Chutney Recipe हर खाने को खास बना देती है। अगर आपको तीखा और देसी स्वाद पसंद है, तो यह चटनी आपके किचन में जरूर होनी चाहिए।
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राजस्थानी कचौरी रेसिपी: खस्ता, मसालेदार और स्वाद से भरपूर पारंपरिक तरीका
राजस्थान का नाम सुनते ही सबसे पहले मन में आता है—खस्ता कचौरी की खुशबू! चाहे अजमेर हो, जयपुर या जोधपुर, हर शहर की कचौरी का अपना अलग स्वाद होता है। खट्टी-मीठी चटनी के साथ परोसी जाने वाली राजस्थानी कचौरी अपने मसालेदार, कुरकुरे और देसी स्वाद के लिए पूरे भारत में प्रसिद्ध है।
अगर आप घर पर बाज़ार जैसी कचौरी बनाना चाहते हैं, तो यहाँ है एक बिल्कुल आसान, असली राजस्थानी स्टाइल कचौरी रेसिपी।
राजस्थानी कचौरी बनाने का समय
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तैयारी का समय: 20 मिनट
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पकाने का समय: 30–35 मिनट
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कुल समय: 50–55 मिनट
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सर्विंग: 10–12 कचौरी
कचौरी बनाने के लिए आवश्यक सामग्री
1) आटे की सामग्री
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मैदा – 2 कप
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रवा (सूजी) – 2 चम्मच (खस्ता लाने के लिए)
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तेल / घी – 3 चम्मच (मोयन के लिए)
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नमक – स्वादानुसार
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पानी – ज़रूरत अनुसार
2) मसालेदार स्टफिंग की सामग्री (राजस्थानी स्टाइल)
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मूंग दाल / उरद दाल – 1 कप (4 घंटे भिगोकर सूखा लें)
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हींग – चुटकी भर
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जीरा – 1 चम्मच
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सौंफ – 1 चम्मच
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धनिया पाउडर – 1 चम्मच
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लाल मिर्च पाउडर – 1 चम्मच
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हल्दी – ½ चम्मच
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गरम मसाला – ½ चम्मच
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अमचूर पाउडर – 1 चम्मच
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अदरक-हरी मिर्च का पेस्ट – 1 चम्मच
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नमक – स्वादानुसार
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तेल – 2 चम्मच
राजस्थानी कचौरी बनाने की विधि (स्टेप-बाय-स्टेप)
स्टेप 1: आटा गूँथना
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एक बाउल में मैदा, सूजी, नमक और मोयन वाला तेल डालें।
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अच्छी तरह मिक्स करें ताकि मैदा हाथ में दबाने पर बंध जाए।
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अब थोड़ा-थोड़ा पानी डालकर कड़ा आटा गूँथ लें।
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आटे को ढककर 15–20 मिनट के लिए रख दें।
स्टेप 2: मूंग दाल की स्टफिंग तैयार करें
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दाल को ग्राइंडर में दरदरा पीस लें (पेस्ट न बनाएं)।
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पैन में तेल गर्म करें, उसमें जीरा, हींग और सौंफ डालें।
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अब दाल डालकर 3–4 मिनट भूनें।
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इसमें सभी मसाले—हल्दी, लाल मिर्च, धनिया पाउडर, अमचूर और नमक डालें।
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5–6 मिनट तक भूनें, जब तक मसाला हल्का सूखा और खुशबूदार न हो जाए।
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मसाला ठंडा होने दें।
स्टेप 3: कचौरी बनाना
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आटे की छोटी-छोटी लोइयाँ बनाएं।
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हर लोई को हल्का सा बेलें और बीच में दाल की स्टफिंग भरें।
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किनारों को अच्छी तरह बंद करके गोल कचौरी का आकार दें।
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इसे हल्का दबाकर चपटा कर लें (बहुत पतला न करें)।
स्टेप 4: कचौरी तलना
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कड़ाही में तेल को धीमी–मध्यम आंच पर गर्म करें।
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कचौरियों को धीरे-धीरे डालें और धीमी आंच पर गोल्डन ब्राउन होने तक तलें।
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धीमी आंच पर तली कचौरी सबसे ज्यादा खस्ता बनती है।
आपकी खस्ता, मसालेदार, असली राजस्थानी कचौरी तैयार है!
ऐसे परोसें (Serving Tips)
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खट्टी-मीठी इमली की चटनी
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लहसुन की चटनी
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हरी धनिया की चटनी
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रायता या दही
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गर्म-गर्म आलू की सब्जी
राजस्थान में इसे अक्सर कढ़ी-कचौरी के साथ भी खाया जाता है।
कचौरी को खस्ता बनाने के टिप्स
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मोयन (घी/तेल) सही मात्रा में डालें।
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आटा सख्त गूँथें।
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स्टफिंग बिल्कुल सूखी हो।
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कचौरी को हमेशा धीमी आंच पर तलिए।
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बहुत मोटी या पतली बेलने से बचें।
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राजस्थानी दाल ढोकली रेसिपी | Rajasthani Dal Dhokli Recipe in Hindi
राजस्थान की पारंपरिक और स्वादिष्ट डिश दाल ढोकली (Dal Dhokli) एक ऐसी कम्फर्ट फूड रेसिपी है जो दाल और गेहूं के आटे से बनती है। यह गेहूं की पट्टियाँ उबलती हुई दाल में पकाकर तैयार की जाती है और स्वाद में बेहद लज़ीज़ होती है।
यह रेसिपी खासतौर पर राजस्थान, गुजरात और मालवा क्षेत्रों में बहुत लोकप्रिय है।
अगर आप राजस्थान के असली फ्लेवर के साथ dal dhokli recipe in hindi rajasthani style ढूँढ रहे हैं – तो यह स्टेप-बाय-स्टेप आर्टिकल आपके लिए है।
राजस्थानी दाल ढोकली बनाने की सामग्री (Ingredients)
दाल के लिए:
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तुवर दाल (अरहर दाल) – 1 कप
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पानी – 3–4 कप
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हल्दी पाउडर – ½ चम्मच
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लाल मिर्च पाउडर – 1 चम्मच
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नमक – स्वादानुसार
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हींग – 1 चुटकी
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करी पत्ते – 7–8
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टमाटर – 1 बारीक कटा
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हरी मिर्च – 1 कटी हुई
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अदरक – 1 छोटा टुकड़ा (कसा हुआ)
ढोकली के लिए:
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गेहूं का आटा – 1 कप
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बेसन – 1 बड़ा चम्मच
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अजवाइन – ½ चम्मच
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हल्दी – ¼ चम्मच
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लाल मिर्च – ½ चम्मच
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नमक – स्वादानुसार
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तेल – 1 चम्मच (मोयन के लिए)
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पानी – ज़रूरत अनुसार
तड़के के लिए:
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घी – 1–2 चम्मच
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राई – ½ चम्मच
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जीरा – ½ चम्मच
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सूखी लाल मिर्च – 1
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कटी हरी धनिया – सजावट के लिए
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नींबू – 1
राजस्थानी दाल ढोकली बनाने की विधि (Rajasthani Dal Dhokli Recipe Step-by-Step)
Step 1: ढोकली का आटा तैयार करें
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एक बाउल में गेहूं का आटा, बेसन, नमक, तेल, हल्दी, अजवाइन और लाल मिर्च मिला लें।
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थोड़े-थोड़े पानी से सख्त आटा गूंध लें।
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इसे 10 मिनट ढककर रख दें।
Step 2: दाल पकाएँ
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तुवर दाल को धोकर कुकर में डालें।
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हल्दी, थोड़ा सा नमक और पानी डालकर 3–4 सीटी तक पकाएँ।
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दाल पक जाने पर उसे अच्छे से मैश कर लें।
Step 3: दाल में तड़का लगाएँ
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एक कड़ाही में घी गर्म करें।
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राई, जीरा, हींग, करी पत्ता और सूखी लाल मिर्च डालें।
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अब अदरक, हरी मिर्च और टमाटर डालें; नरम होने तक भूनें।
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इसमें पकी हुई दाल डालकर अच्छी तरह मिलाएँ।
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पानी डालकर दाल को थोड़ा पतला कर उबाल आने दें।
Step 4: ढोकली तैयार करें
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ढोकली के आटे की पतली रोटी बेलें।
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चाकू से चौकोर या हीरा आकार के छोटे-छोटे टुकड़े काटें।
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उबलती हुई दाल में ये टुकड़े डालते जाएँ।
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ढोकली डलने के बाद 10–12 मिनट मध्यम आंच पर पकाएँ।
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ढोकली नरम और फूल जाए तो समझें कि पक गई है।
Step 5: अंतिम चरण
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गैस बंद करें, ऊपर से नींबू रस और हरी धनिया डालें।
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चाहें तो एक चम्मच घी भी ऊपर से डाल सकते हैं।
राजस्थानी दाल ढोकली सर्विंग टिप्स
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इसे गरमा-गरम खाएँ — यह गाढ़ी और हल्की मीठी-तीखी स्वाद वाली होती है।
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ऊपर से थोड़ा घी डालें।
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साथ में अचार, पापड़ या छाछ परोस सकते हैं।
राजस्थानी Dal Dhokli क्यों खास है?
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पेट भरने वाली एक पूरी मील
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प्रोटीन और कार्ब्स का perfect balance
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राजस्थान का देसी स्वाद
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आसानी से घर में बनने वाली comfort food
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Rajasthani Gatte Ki Sabji Recipe in Hindi | Authentic Gatte Ki Sabzi Banane Ki Vidhi
Rajasthani Gatte Ki Sabji राजस्थान की सबसे लोकप्रिय पारंपरिक रेसिपी है, जो बेसन के गट्टों और मसालेदार दही की ग्रेवी से बनती है। यह स्वाद में rich, spicy और बेहद aromatic होती है। इसे अक्सर bajra roti, missi roti, jeera rice और dal baati churma के साथ परोसा जाता है।
नीचे दी गई रेसिपी आसान और घर पर बनने वाली Best rajasthani gatte ki sabji recipe है।
Gatte Ki Sabji Ingredients (सामग्री)
Gatte बनाने के लिए:
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बेसन – 2 कप
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तेल – 2 बड़े चम्मच
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अजवाइन – ½ छोटा चम्मच
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लाल मिर्च पाउडर – ½ छोटा चम्मच
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हल्दी – ¼ छोटा चम्मच
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नमक – स्वादानुसार
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दही – 2 बड़े चम्मच (optional)
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पानी – गूंथने के लिए
Gravy के लिए:
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दही – 1 कप (खट्टा दही बेहतर)
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बेसन – 1 बड़ा चम्मच
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घी – 2 बड़े चम्मच
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तेल – 1 बड़ा चम्मच
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जीरा – ½ छोटा चम्मच
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राई – ½ छोटा चम्मच
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हींग – 1 चुटकी
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हरी मिर्च – 1 (कटी हुई)
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अदरक – 1 छोटा चम्मच (कद्दूकस किया हुआ)
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लाल मिर्च पाउडर – 1 छोटा चम्मच
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हल्दी – ½ छोटा चम्मच
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धनिया पाउडर – 1 छोटा चम्मच
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नमक – स्वादानुसार
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पानी – जरूरत अनुसार
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हरा धनिया – गार्निश के लिए
How to Make Rajasthani Gatte Ki Sabji (राजस्थानी गट्टे की सब्जी कैसे बनाएं)
Step 1: गट्टे का आटा गूंधें
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एक बाउल में बेसन, अजवाइन, नमक, लाल मिर्च, हल्दी और तेल मिलाएं।
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थोड़ा-थोड़ा पानी डालकर medium-soft आटा गूंधें।
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आटे को 10 मिनट सेट होने दें।
Step 2: गट्टे उबालें
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आटे को लंबे सिलिंडर जैसे रोल बनाएं।
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पानी उबालें और गट्टों को उसमें डालकर 10–12 मिनट पकाएं।
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पकने पर गट्टे ऊपर तैरने लगेंगे।
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इन्हें निकालकर छोटे टुकड़ों में काट लें।
Step 3: Gravy तैयार करें
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एक बाउल में दही और 1 बड़ा चम्मच बेसन डालकर smooth mixer तैयार करें।
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कड़ाही में घी और तेल गर्म करें।
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जीरा, राई, हींग, हरी मिर्च और अदरक का तड़का लगाएँ।
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अब हल्दी, लाल मिर्च और धनिया पाउडर डालें।
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दही-बेसन का मिश्रण डालकर लगातार चलाते रहें।
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हल्की आँच पर 5–7 मिनट पकाएँ।
Step 4: गट्टे मिलाएं
– उबले हुए गट्टों को ग्रेवी में डालें।
– 10–12 मिनट धीमी आँच पर पकने दें ताकि मसाले अच्छे से भर जाएँ।
Step 5: Garnish & Serve
– ऊपर से हरा धनिया डालें और सर्व करें।
Taste & Texture (स्वाद और टेक्सचर)
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गट्टे soft और हल्के spicy होते हैं।
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दही-बेसन ग्रेवी thick, creamy और rich flavor वाली होती है।
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यह सब्जी कम तेल में भी easily बन जाती है।
Serving Suggestions
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Bajra roti
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Missi roti
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Phulka
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Jeera rice
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Dal baati churma
Tips for Perfect Rajasthani Gatte Ki Sabji (टिप्स)
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आटे में तेल ज्यादा डालने से गट्टे soft बनते हैं।
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दही हमेशा room temperature का डालें ताकि फटे नहीं।
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गट्टों को ज्यादा न उबालें वरना सख्त हो जाएंगे।
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चाहें तो gravy में थोड़ा kasuri methi डालकर flavor बढ़ा सकते हैं।
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